जगदलपुर- बस्तर जिले के करपावंड में शुक्रवार को जमीन की नापजोख और कब्जा दिलाने की कार्रवाई के दौरान जमकर बवाल हो गया. न्यायालय के आदेश पर मौके पर पहुंचे राजस्व अमले के सामने ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा. भीड़ ने जमीन मालिक शेराराम चौधरी और जमीन विक्रेता मदन निषाद के साथ जमकर मारपीट की. बीच-बचाव करने उतरे राजस्व अधिकारियों के साथ भी धक्कामुक्की भी हुई. इस घटना के बाद से गांव में तनाव की स्थिति है. मौके पर भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. और दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है.
बस्तर ASP माहेश्वर नाग ने बताया कि बस्तर जिले के करपावंड में सीमांकन के लिए न्यायालय से आदेश पारित हुआ था. जिस पर राजस्व अमला और पुलिस की टीम सीमांकन कार्य के लिए पहुंची हुई थी. सीमांकन कार्य के दौरान कुछ लोगों ने विरोध करते हुए शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने का प्रयास किया. इस दौरान शांति भंग होने की आशंका उत्पन्न हो गई. शांति भंग न हो इसीलिए इस मामले में कुल 21 लोगों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किया गया है. जबकि 12 आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल दाखिल किया गया है. ASP ने बताया कि डाकेन नेताम और मनीराम बघेल द्वारा हुज्जतबाजी करते हुए अन्य लोगों को शासकीय कार्य रोकने के लिए उकसाने का आरोप है. दोनों सहित अन्य आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 41(26), 296, 132, 221, 251 तथा 3(5) के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया है. मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रकरण की बारीकी से जांच की जा रही है. व शासकीय कार्य में बाधा डालने वालों के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई जारी रहेगी.
