जगदलपुर. बस्तर पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार और युवाओं को गर्त में धकेलने वाले तत्वों के खिलाफ अपनी मुहिम को तेज कर दिया है. पुलिस अधीक्षक शलभ कुमार सिन्हा के नेतृत्व में चलाई जा रही इस विशेष मुहिम के तहत बोधघाट थाना पुलिस ने एक बड़ी कार्यवाही करते हुए भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीली कैप्सूल के साथ दो आरोपियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है. जप्त किए गए इन मादक पदार्थों की कुल कीमत लगभग 96,000 रुपये आंकी गई है.
यह पूरी कार्यवाही मुखबिर से मिली एक पुख्ता सूचना के आधार पर हुई. पुलिस को सूचना मिली थी कि मेटगुड़ा स्थित डोंगरी के पास दो संदिग्ध व्यक्ति अपने पास एक कैरी बैग में भारी मात्रा में प्रतिबंधित नशीली कैप्सूल रखकर बेचने के लिए ग्राहक का इंतजार कर रहे हैं. सूचना पर तत्काल संज्ञान लेते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के मार्गदर्शन में बोधघाट थाना प्रभारी के नेतृत्व में पुलिस टीम का गठन किया गया. पुलिस टीम ने बिना वक्त गंवाए मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की और रेड की कार्यवाही करते हुए दोनों संदिग्धों को धर दबोचा.
पूछताछ में पकड़े गए आरोपियों ने अपना नाम आकाश पोया (उम्र 21 वर्ष, निवासी महारानी वार्ड, जगदलपुर) और राड्रिक सोमा (उम्र 42 वर्ष, निवासी मदर टेरेसा वार्ड, जगदलपुर) बताया. जब पुलिस टीम ने आरोपियों के पास मौजूद कैरी बैग की गहन तलाशी ली, तो उसके भीतर से प्रतिबंधित नशीली कैप्सूल ‘Pyeevon Spas plus Tramadol Hcl’ के कुल 30 पत्ते बरामद हुए, जिसमें कुल 240 नग कैप्सूल थे.
इन प्रतिबंधित दवाओं को अवैध रूप से अपने कब्जे में रखने, परिवहन करने या बिक्री करने के संबंध में आरोपी पुलिस के समक्ष कोई भी वैध दस्तावेज या डॉक्टरी पर्चा पेश नहीं कर सके. आरोपियों का यह कृत्य गंभीर अपराध की श्रेणी में आने के कारण पुलिस ने मादक पदार्थ को विधिवत जप्त कर लिया. इसके बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की धारा 21(B) के तहत मामला दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया और न्यायिक रिमांड के लिए विशेष एनडीपीएस न्यायालय में पेश किया गया है.