गनपत भारद्वाज, बस्तर- संभाग के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले बीते दिनों एक साहसिक खबर निकलकर सामने आई थी. इस साहसिक कार्य में एक बस्तर की बहादुर बेटी ने 8 हथियारबंद हमलावरों से अपने पिता की जान बचाई थी. यह बेटी नारायणपुर ज़िले के झारागाँव की निवासी है. इस बेटी की बहादुरी अब छत्तीसगढ़ राज्य के राज्यपाल तक पहुंच गई है. जिसे अब छत्तीसगढ़ के नए राज्यपाल रमेन डेका सम्मानित करने जा रहें है. दरअसल बुधवार को छत्तीसगढ़ के नए राज्यपाल ने अपने राजभवन में कार्यरत अधिकरियों की और कर्मचारियों की परिचयात्मक बैठक ली. इस दौरान उन्होंने नारायणपुर ज़िले कि बहादुर बेटी की खबर का जिक्र किया. और उसके साहसिक कार्य के लिए राजभवन में बुलाकर सम्मनित करने का निर्देश दिया है.
गौरतलब है कि 2 दिन पूर्व नारायणपुर के झारागांव की बेटी सुशीला के पिता पर रात के समय 08 नकाबधारी हमलावर 4 मोटरसाइकिल से हाथ मे कुल्हाड़ी व राइफल लेकर मारने आये थे. और ग्रामीण के छाती पर कुल्हाड़ी से हमलाकर घायल कर दिया. घटना के तत्काल बाद ग्रामीण की बेटी सुशीला ने बिना डरे उन हथियारबंद लोगों से लड़कर अपने साहस का परिचय दिया. और नकाबपोशों के हाथ से कुल्हाड़ी छीनकर अपने घायल पिता को पहले दूसरे कमरे में बंद करके उसकी जान बचाई. जिससे कि आसपास के लोग मौके पर आ पहुँचे. जिसके बाद नकाबपोश हथियारबंद मौके से भाग निकले. बेटी ने घायल पिता को पहले नारायणपुर के जिला अस्पताल में भर्ती करवाया. लेकिन उसकी स्थिति को देखते हुए उसे जगदलपुर मेडिकल कॉलेज में रेफर किया गया. इस खबर के प्रकाशित होने के बाद राज्यपाल रमेन डेका ने बच्ची के साहस की सराहना करते हुए बच्ची का राजभवन में सम्मान
करने की बात कही.