जगदलपुर (डेस्क) – जिले के समस्त शासकीय कर्मचारियों के लिए एक बेहद सख्त और अनिवार्य निर्देश जारी किया गया है. वेतन व्यवस्था में ऐतिहासिक बदलाव करते हुए कलेक्टर हरिस एस. ने सभी विभागों को ‘मिशन मोड’ में काम करने का आदेश दिया है. यदि 15 दिसंबर 2025 तक कार्मिक संपदा मॉड्यूल में कर्मचारियों का डेटा और ई-केवाईसी (e-KYC) शत-प्रतिशत अपडेट नहीं हुआ, तो संबंधित कर्मचारियों का दिसंबर माह (2025) का वेतन रुक जाएगा.
अब कार्मिक संपदा ही होगा वेतन का आधार
राज्य शासन ने वेतन भुगतान की प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के लिए यह निर्णायक कदम उठाया है. अब दिसंबर 2025 का वेतन देयक सीधे कार्मिक संपदा में अपडेट की गई प्रविष्टियों के आधार पर ही बनेगा. इसका मतलब है कि कर्मचारी का नाम, पदनाम, मूल वेतन और श्रेणी जैसी जानकारी ई-पेरोल सीधे इसी मॉड्यूल से लेगा. पुराने डेटा या विसंगति के कारण वेतन रोकना तय है.
लापरवाही पर कार्यालय प्रमुख होंगे जिम्मेदार
कलेक्टर ने सख्त लहजे में कहा है कि यदि निर्धारित तिथि तक डेटा अपडेशन पूर्ण नहीं होता है और किसी भी कर्मचारी का वेतन रुकता है, तो इसकी संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित कार्यालय प्रमुख की होगी. कोषालय अधिकारियों को भी DDOs से संपर्क कर इस कार्य को समय-सीमा में सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है.
वेतन में बाधा से बचने के लिए, सभी कर्मचारियों को अपने विभाग से संपर्क कर 15 दिसंबर 2025 से पहले अपना कार्मिक संपदा डेटा और ई-केवाईसी अपडेट सुनिश्चित कराना होगा.