जगदलपुर (डेस्क) – हिंदी पत्रकारिकता दिवस के अवसर पर आज शुक्रवार को शहीद महेंद्र कर्मा विश्वविद्यालय में पत्रकारिकता एवं जनसंचार विभाग के द्वारा “बस्तर में हिंदी पत्रकारिकता : चुनौतियां एवं संभावनाएं” विषय पर एक दिवसीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया. आयोजित इस संगोष्ठि में बस्तर के विभिन्न मीडिया संस्थानों के संपादक, रिपोर्टर, कैमरामैन, मीडियाकर्मी सहित पत्रकारिकता एवं जनसंचार के छात्र – छात्राएं भी शामिल हुए.
शहीद महेंद्र कर्मा विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. मनोज कुमार श्रीवास्तव ने छात्रों को सम्बोधित करते हुए कहा कि जनजातीय भौगोलिक क्षेत्र की वजह से बस्तर में पत्रकारों का संघर्ष और भी बढ़ जाता है. इस क्षेत्र में पत्रकारिकता करने के लिए उनके साहस का सम्मान होना चाहिए. उन्होंने कहा कि हर पत्रकार एक बहुआयामी व्यक्तित्व का होता है. पत्रकार सारे परिवर्तन, चुनौतियों और आवश्यकता पर लिखते है.
इस कार्यक्रम में उपस्थित वरिष्ठ संपादक दिलशाद नियाजी ने बस्तर में पत्रकारों को सामना करने वाली चुनौतियों के बारे में छात्रों को बताया. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पत्रकारिकता एक बहुत बड़ा मिशन है, पर पत्रकारिकता करना आसान नही है. पत्रकारिकता लेखन के साथ अखबार का प्रकाशन भी एक बड़ी चुनौती है.
इस मौके पर बस्तर जिला पत्रकार संघ के अध्यक्ष एवं वरिष्ठ पत्रकार मनीष गुप्ता ने कहा कि हम सभी को सुंदर बस्तर के सपने को साकार करना है. एक पत्रकार को पूरे कैरियर में अध्ययन करना पड़ता है. बिना अध्ययन के वह विषय पर न्याय नही कर सकता है. उन्होंने पत्रकारिकता की पीजी कोर्स और सम्बंधित शोध पीठ की जरूरत की ओर विश्वविद्यालय प्रबंधन का ध्यान आकर्षण करते हुए कहा कि बस्तर संभाग में बहुत सारे ग्रामीण पत्रकार है, जिन्हें पत्रकारिकता के मूल सिंद्धान्तों के प्रति जागरूक करने का प्रयास होना चाहिए.
वहीं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के वरिष्ठ पत्रकार नरेश मिश्रा ने कहा कि पत्रकारों को किसी चुनौती से भयभीत नही होना चाहिए. युवा पत्रकारों को निराश नही होना चाहिए. अवसर मिलने पर कुछ बेहतर करने का प्रयास करें. उन्होंने कहा कि पत्रकारिकता पर सवाल उठाना लाजिमी है, पर धारणा बनाना गलत है. पत्रकारिकता के क्षेत्र में आर्थिक लाभ अन्य क्षेत्रों की तरह बेहतर नही है, पर काम करने वाले युवाओं की बहुत जरूरत है.
इस कार्यक्रम का संचालन डॉ. प्रज्ञा गुप्ता और आशुतोष तिवारी ने किया. वहीं इस दौरान कुलसचिव डॉ. राजेश लालवानी ने स्वागत उद्बोधन दिया. पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान व पत्रकारिकता व जनसंचार अध्ययनशाला की ओर से हुए इस आयोजन में विभागाध्यक्ष डॉ. संजय डोंगरे, जनसंपर्क अधिकारी डॉ. विनोद कुमार सोनी, सत्यवान साहू, इंदु बेक, विमलेश साहू समेत विभिन्न विभागों के फैकल्टी और छात्र भी उपस्थित थे.