जगदलपुर (डेस्क) – बस्तर जिले में एक सरकारी आश्रम में बच्चों के साथ दुर्व्यवहार का एक बेहद गंभीर मामला सामने आया है. बच्चों के साथ मारपीट, गाली-गलौज और उन्हें अश्लील वीडियो दिखाकर गलत काम करने के लिए उकसाने के आरोपों के बाद बालक आश्रम गोदियापाल के प्रभारी अधीक्षक को आज शुक्रवार को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है. यह सनसनीखेज खुलासा तब हुआ जब बस्तर के कलेक्टर ने अचानक आश्रम का दौरा किया.
कलेक्टर के निरीक्षण में हुआ चौकाने वाला खुलासा
बताया गया कि बीते कल 18 सितंबर 2025 को बस्तर कलेक्टर ने बालक आश्रम गोदियापाल का औचक निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने जब आश्रम के बच्चों से बात की, तो सामने आए आरोपों ने सबको चौंका दिया. बच्चों ने बताया कि अधीक्षक सुकरू राम बघेल उनके साथ लगातार मारपीट करते थे, उन्हें गालियां देते थे और अभद्र भाषा का इस्तेमाल करते थे. इन आरोपों की गंभीरता तब और बढ़ गई जब बच्चों ने खुलासा किया कि अधीक्षक उन्हें अश्लील वीडियो भी दिखाते थे और उन्हें वैसा ही करने के लिए कहते थे.
तत्काल निलंबन और कठोर कार्रवाई के निर्देश
कलेक्टर की रिपोर्ट के बाद, प्रशासन ने इस मामले को अत्यंत गंभीरता से लिया. आज जिला शिक्षा अधिकारी, बस्तर ने एक आदेश जारी कर सुकरू राम बघेल को छत्तीसगढ़ सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के तहत कदाचार का दोषी मानते हुए तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया.

प्रशासन ने इस मामले में आगे की कार्रवाई के लिए भी निर्देश जारी किए हैं.