भोपालपट्टनम (चेतन कापेवार). तपती गर्मी के मद्देनजर ग्रामीणों को प्यास बुझाने की चिंता अभी से सताने लगी है. लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग सहित विभिन्न मदो से उत्खनन किये गए अधिकांश हैंडपंप उचित रख-रखाव के अभाव मे बिगड़े पड़े है. इन बिगड़े पड़े हैंडपंपो को समय रहते सुधारने की चिंता न तो विभाग को है ओर न ही जिम्मेदार अधिकारियो को. ऐसे मे भीषण गर्मी मे जलसंकट गहरा सकता है. जिला पंचायत सदस्य बसन्त ताटी ने इस ओर विभाग का ध्यानाकर्षण कराया है.
ताटी के मुताबिक भोपालपटनम ब्लाक मे जगह-जगह हैंडपंप बिगड़े पड़े है, इन्हे सुधारने के के बजाए पीएचई विभाग ने हाथ खड़े कर दिए है. हैंडपंपो को सुधारने के लिए जब विभाग से सम्पर्क किया जाता है तो रटा-रटाया जवाब मिलता है कि हैंडपंप मे लगे पाइप पुराने होकर सड़ गए है. जब तक नये पाइप नहीं डाले जायँगे तब तक इन्हे सुधार पाना मुश्किल है. ताटी ने बतया की क्षेत्र मे अधिकांश हैंडपम्प ऐसे है जो की कई वर्ष पुराने है, जिन्हे तत्काल सुधारने की अवश्यकता है, लेकिन सम्बंधित विभाग का कहना है कि इन बिगड़े हैंडपंपो को सुधारने के लिए विभाग के पास मरम्मत कर्मियों की कमी और इ पर्याप्त साधन भी उपलब्ध नहीं है. इन परिस्थितियों मे भीषण गर्मी मे ग्रामीणों को गंभीर जल संकट का सामना करना पड़ेगा. ताटी का कहना है कि जब भोपालपटनम के आस-पास के ग्राम पंचायतो के अनेक ग्रामो मे अभी भी अधिकांश हैण्डपंप बिगड़े पड़े है तो इस बात का अंदाजा लगाया जा सकता है की संड्रा, केरपे, ऐडापल्ली एवं बड़ा काकलेड जैसे दूरस्थ पहुँच विहीन ग्राम पंचायतो की स्थिति कैसी हो सकती है, ताटी ने जिला प्रशासन से आग्रह करते हुए कहा कि भोपालपटनम विकासखंड के अंतर्गत बिगड़े पड़े समस्त हैण्डपंपो को समय रहते सुधारा जाये ताकि ग्रामीणों को अपनी प्यास बुझाने मे राहत मिल सके.