सुनील कश्यप, सुकमा- नक्सलियों की खोखली विचारधारा से तंग आकर व जिले में चलाए जा रहे पूना नर्कोम (नई सुबह- नई शुरुआत) से प्रभावित होकर आज एक इनामी सहित दो सक्रिय माओवादियों ने सुकमा पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण किया है.
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ओम चंदेल ने बताया कि छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास नीति और सुकमा जिले में चलाए जा रहे पूना नर्कोम (नई सुबह नई शुरुआत) अभियान का प्रचार प्रसार लगातार सुकमा जिले के नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में किया जा रहा है और सभी नक्सलियों से आत्मसमर्पण करने के लिए अपील भी की जा रही है. यही कारण है कि आज नक्सली मोर्चे पर सुकमा पुलिस को एक बड़ी सफलता मिली है. जिले के तोंगपाल क्षेत्र में सक्रिय एक इनामी सहित दो माओवादियों ने नक्सलवाद को अलविदा कहते हुए मुख्यधारा में शामिल हुए हैं. समर्पित नक्सली तुलसीराम निवासी मलकानगिरी ओड़िसा, मिलिशिया कमांडर के रूप में नक्सली संगठन में सक्रिय था. जिसके ऊपर छत्तीसगढ़ सरकार ने 1 लाख रुपये का इनाम घोषित कर रखा था. वहीं सोढ़ी रामें निवासी कटेकल्याण दंतेवाड़ा, केएएमएस उपाध्यक्ष के रूप में नक्सली संगठन में सक्रिय थी. दोनों ही नक्सली सुकमा जिले के तोंगपाल व दंतेवाड़ा जिले के कटेकल्याण इलाके में नक्सल गतिविधियों में शामिल रहे. नक्सलियों के समर्पण में सीआरपीएफ के 227 वाहिनी बटालियन का महत्वपूर्ण योगदान रहा. दोनों ही समर्पित नक्सली को छत्तीसगढ़ शासन की पुनर्वास योजना के तहत प्रोत्साहन राशि व सुविधाएं जल्द प्रदाय किया जाएगा.